रक्तदान न केवल एक महादान है, बल्कि यह किसी के जीवन को बचाने की सबसे सशक्त मानव सेवा भी है। यह एक ऐसा कार्य है जिसमें हम कुछ भी खोते नहीं, बल्कि किसी …
#122वाँ_रक्तदान_दिनांक 18.10.2024 लोगो ने अमीरों से दान पाए होंगे हमने फकीरों से वरदान पाए हैं। …
119वाँ स्वैच्छिक रक्तदान 28.12.2023 -SHIMLA बस यूँ ही लिखता हूँ ....वजह क्या होगी राहत ज़रा सी ...!! आदत ज़रा सी ...!!
श्री कृष्ण कहते हैं - देखो पार्थ! धर्म का जो विधान किसी दूसरे ने बनाया हो वो तुम्हारा धर्म नहीं हो सकता। तुम्हारा धर्म वही है जिसे तुमने स्वयं बनाया …
समय चक्र !! ☸️ प्रकृति का नियम और समय का चक्र दोनों बहुत विचित्र हैं। हम अनाज का एक दाना धरती माता की गोद मे बोते हैं तो प्रकृत…
बचाये किसी की जान आइये करे-: रक्तदान !!
मैं ये नही कहूंगा की तुझे मेरी उम्र लग जाये। जितनी भी उम्र है मेरी मुझे तेरे संग जीना है। स्वयं को जीवित रख कर के तुझे संसार की हर वो ख़ुशी देनी है जि…
मै मानता हूँ पहली बार रक्तदान करने में डर लगना स्वाभाविक है। लेकिन एक बार रक्तदान करने के बाद हमें जो प्रसन्नता, निडरता और अपने आप पर गौरव महसूस होता हैं। और जो मन के साथ-साथ कहीं अंदर अंतरात्मा को शांति व सकून की अनुभूति होती है। अगर हमें इसका सुखद आनंद लेना है तो उसके लिए जीवन मे एक बार रक्तदान करना आवश्यक हैं। रक्तदान के बिना हम इसका आनंद नहीं ले सकते है। आप लोगो ने देखा होगा पूरे विश्व मे कितने ही अनगिनित लाखो- करोड़ो लोगो ने रक्तदान शिविरों में और ब्लड बैंक में पहुंच कर रक्तदान किया हैं। लेकिन आज तक अपने ये कभी नही सुना होगा के रक्तदान करने से कोई व्यक्ति मरा है, लेकिन हमारे या आपके रक्तदान नहीं करने से कोई न कोई व्यक्ति अवश्य मर सकता है। यदि आप स्वस्थ हैं तो किसी के जीवन के शिल्पकार बने व खुशियां बांटे। इसलिए थोड़ा सोच-विचार करें औऱ किसी की जीवनरक्षा का अन्तिम........निर्णय लें ।। धन्यवाद !!